Connect with us

उत्तराखण्ड

हल्द्वानी :बच्चों की सुरक्षा एवं विद्यालयी व्यवस्थाओं को लेकर बाल अधिकार संरक्षण आयोग गंभीर, संबंधित विभागों से 15 दिवस के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट तलब

बच्चों की सुरक्षा एवं विद्यालयी व्यवस्थाओं को लेकर बाल अधिकार संरक्षण आयोग गंभीर, संबंधित विभागों से 15 दिवस के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट तलब

हल्द्वानी। उत्तराखंड बाल अधिकार संरक्षण आयोग के माननीय सदस्य श्री योगेश सिंह रजवार की अध्यक्षता में आज दिनांक 23 अक्टूबर 2026 को आवास विकास, हल्द्वानी स्थित विवेकानंद पूर्ण माध्यमिक विद्यालय एवं उसी भवन में संचालित केवी एकेडमी से संबंधित विभिन्न विषयों को लेकर शिक्षा विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों तथा प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक के उपरांत स्थलीय निरीक्षण कर विद्यालय में बच्चों की शिक्षा, सुरक्षा एवं संरक्षण, महिला अध्यापकों की सुरक्षा, परिसर के आसपास की परिस्थितियों तथा विद्यालय के मैदान में संचालित टैक्सी पार्किंग एवं वाहनों की आवाजाही से जुड़े महत्वपूर्ण बिंदुओं की समीक्षा की गई।

यह बैठक जिला शिक्षा अधिकारी, प्राथमिक शिक्षा, नैनीताल के पत्रांक संख्या 4260/62, मुख्य शिक्षा अधिकारी के पत्रांक संख्या 10689/91 तथा खंड शिक्षा अधिकारी, हल्द्वानी के पत्रांक संख्या 2173/76 के क्रम में प्राप्त शिकायतों एवं संबंधित विषयों के संज्ञान में आने के बाद आयोजित की गई।

बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी, नैनीताल, खंड शिक्षा अधिकारी, हल्द्वानी के प्रतिनिधि, जिला प्रोबेशन अधिकारी के प्रतिनिधि, बाल कल्याण समिति, हल्द्वानी, चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक, नैनीताल तथा सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ), हल्द्वानी के प्रतिनिधियों सहित संबंधित विद्यालयों एवं केवी एकेडमी के प्रबंधन के प्रतिनिधियों ने प्रतिभाग किया।

बैठक एवं स्थलीय निरीक्षण के दौरान माननीय सदस्य श्री योगेश सिंह रजवार ने बच्चों के शिक्षा, सुरक्षा एवं संरक्षण से जुड़े विषयों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी शिकायतों एवं निरीक्षण के दौरान सामने आए बिंदुओं की निष्पक्ष, तथ्यात्मक एवं अभिलेख आधारित जांच कर विस्तृत आख्या प्रस्तुत की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि बच्चों के सुरक्षित शैक्षणिक वातावरण, शिक्षा की निरंतरता तथा उनके अधिकारों की रक्षा के मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।

बैठक में विवेकानंद पूर्ण माध्यमिक विद्यालय में अध्ययनरत लगभग 25 बच्चों के लिए उपलब्ध शैक्षणिक व्यवस्थाओं, प्रधानाचार्य एवं शिक्षकों सहित अन्य कर्मचारियों की संख्या, उनकी योग्यता, नियमित उपस्थिति तथा पठन-पाठन की स्थिति की जांच करने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही पेयजल, स्वच्छता, शौचालय, अग्नि सुरक्षा एवं बच्चों के लिए आवश्यक अन्य मूलभूत सुविधाओं की स्थिति का आकलन कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया।

विद्यालय भवन एवं परिसर की सुरक्षा को लेकर भी गंभीरता से चर्चा की गई। भवन की छतों तथा आसपास की इमारतों तक बाहरी व्यक्तियों की पहुंच, विद्यालय में अनधिकृत प्रवेश की संभावना, प्रवेश एवं निकास मार्गों, चारदीवारी और निगरानी व्यवस्था का स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट मांगी गई। बच्चों एवं महिला अध्यापकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए बाहरी व्यक्तियों की आवाजाही पर नियंत्रण, सीसीटीवी व्यवस्था, आपातकालीन निकासी तथा अन्य आवश्यक सुरक्षा उपायों की समीक्षा करने और पाई जाने वाली कमियों को दूर करने के लिए समयबद्ध कार्रवाई का विवरण देने के निर्देश दिए गए।

विद्यालय परिसर एवं आसपास नशा करने वाले व्यक्तियों तथा जुआ खेलने वालों की आवाजाही से संबंधित शिकायतों पर भी जांच के निर्देश दिए गए। शिक्षा विभाग, जिला प्रोबेशन विभाग, बाल कल्याण समिति एवं चाइल्ड हेल्पलाइन को अपने-अपने कार्यक्षेत्र के अंतर्गत स्थिति की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। आवश्यकता के अनुसार पुलिस एवं अन्य सक्षम विभागों से समन्वय स्थापित कर विद्यालय के आसपास बच्चों के लिए सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।

विद्यालय के मैदान अथवा परिसर के आसपास संचालित टैक्सी पार्किंग एवं वाहनों की आवाजाही से संबंधित विषय पर भी विस्तृत जांच के निर्देश दिए गए। पार्किंग की अनुमति, भूमि के उपयोग, संचालन संबंधी अभिलेखों तथा यातायात नियमों के अनुपालन की स्थिति की जांच करने को कहा गया। विशेष रूप से विद्यालय की प्रार्थना सभा एवं बच्चों के आने-जाने के समय वाहनों की आवाजाही से उत्पन्न होने वाले संभावित सुरक्षा जोखिमों का आकलन कर आवश्यक सुरक्षा उपायों की रिपोर्ट मांगी गई। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ), हल्द्वानी को अपने अधिकार क्षेत्र में आने वाले विषयों पर विस्तृत आख्या प्रस्तुत करने तथा किसी भी अनियमितता के पाए जाने पर नियमानुसार प्रस्तावित अथवा की गई कार्रवाई का विवरण देने के निर्देश दिए गए। भूमि एवं पार्किंग से जुड़े विषयों पर अन्य सक्षम विभागों से भी रिपोर्ट प्राप्त करने को कहा गया।

माननीय सदस्य ने निर्देशित किया कि मुख्य शिक्षा अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी, प्राथमिक शिक्षा, खंड शिक्षा अधिकारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी, बाल कल्याण समिति, चाइल्ड हेल्पलाइन तथा सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ), हल्द्वानी सहित सभी संबंधित विभाग अपने-अपने अधिकार क्षेत्र के अंतर्गत तथ्यों, अभिलेखों, निरीक्षण निष्कर्षों, पाई गई कमियों तथा प्रस्तावित कार्रवाई का स्पष्ट उल्लेख करते हुए अलग-अलग विस्तृत जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करें।

श्री योगेश सिंह रजवार ने कहा कि बच्चों को सुरक्षित वातावरण में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना तथा उनके अधिकारों की रक्षा करना संबंधित विभागों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इसलिए जांच के दौरान किसी भी तथ्य को नजरअंदाज न किया जाए और प्रत्येक विषय पर स्पष्ट निष्कर्ष के साथ नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि बैठक में दिए गए निर्देशों का तत्काल प्रभाव से अनुपालन सुनिश्चित करते हुए सभी विभागों से प्राप्त रिपोर्टों के आधार पर समेकित जांच रिपोर्ट तैयार की जाए। उक्त समेकित जांच रिपोर्ट माननीय सदस्य, उत्तराखंड बाल अधिकार संरक्षण आयोग, श्री योगेश सिंह रजवार जी को संबोधित पत्र के माध्यम से आयोग को 15 दिवस के भीतर उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए, ताकि प्रकरण में नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई करते हुए बच्चों के शिक्षा, सुरक्षा एवं संरक्षण के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित की जा सके।

योगेश सिंह रजवार
सदस्य, उत्तराखंड बाल अधिकार संरक्षण आयोग, उत्तराखंड

ADVERTISEMENTS

More in उत्तराखण्ड

ADVERTISEMENTS

Trending News

Follow Facebook Page

संपादक –

नाम: हर्षपाल सिंह
पता: छड़ायल नयाबाद, कुसुमखेड़ा, हल्द्वानी (नैनीताल)
दूरभाष: +91 96904 73030
ईमेल: [email protected]